बिलासपुर पुलिस को भांवर गणेश मूर्ति चुराने वालो को पकड़ने में बड़ी सफलता मिली है ,,एसपी पारुल माथुर में मामले का खुलासा करते हुए बताया कि चोर गांव के तालाब में मूर्ति को छिपा कर ग्राहक की तलाश कर रहे थे ,जिसकी जानकारी पुलिस को मिली , उसके बाद व्यपारी बन कर क्राइम ब्रांच ने आरोपियों को गिरफ्तार किया, क्राईम ब्रांच और मस्तुरी थाने की पुलिस टीम ने किया मामले का पर्दाफाश
* मुर्ति चोरों को क्राईम ब्रांच ने 02 करोड़ का सौदा कर मूर्ति का खरीददार बनकर पकड़ा खण्डित होने के कारण नहीं मिल पा रहा था मुह मांगा दाम
बिलासपुर- पांच स्थानीय आरोपियों ने मिलकर घटना को दिया था अंजाम चार आरोपी गिरफ्तार एक 01 युवराज टण्डन पिता लक्ष्मी टण्डन उम्र 20 वर्ष निवासी चौहा थाना मस्तुरी 2 मोहताब सुमन उर्फ राजा पिता नरेश सुमन उम्र 25 वर्ष निवासी चौहा थाना मस्तुरी 3 सुमीर राय पिता सौंपत राय उम्र 20 निवासी चौहा थाना मस्तुरी 4 निशांत उर्फ सचिन धृत्तलहरे पिता दिलीप कुमार धृत्तलहरे उम्र 20 वर्ष निवासी चकरबेढा थाना मस्तुरी जिला बिलासपुर फरार आरोपी :5 अतुल भार्गव पिता संजय भार्गव उम्र 25 वर्ष निवासी टिकारी थाना मस्तुरी
• जप्ती सामान : 01 भगवान गणेश भांवर की खण्डित मुर्ति चार टुकडो में 02 चांदी का मुकुट 31 टुकडो में 03 एक चिडयामार पिस्टल एक सब्बल एवं घटना में प्रयुक्त दो मोटर सायकिल
बिलासपुर- ग्राम ईटवापाली थाना मस्तुरी से 25-26 / 08 / 22 की दरम्यानी रात में अज्ञात लोगो ने प्राचीन भांवर गणेश मंदिर के पुजारी महेश राम केंवट को मारपीट कर पिस्टल अड़ाकर चाबी छीन बंधक बनाकर मंदिर से प्राचीन ऐतिहासिक मूर्ति को सब्बल से तोड कर लूट कर ले गये थे चुंकि यह धार्मिक आस्था एवं प्राचीन ऐतिहासिक बेशकीमती मूर्ति का मामला था इस लिए एस.एस.पी. पारूल माथूर ने तत्काल घटना स्थल पहुँचकर तीन टीम बनाकर घटना घटित करने वालो की पता तलाश प्रारम्भ करवा दी थी लगभग साढ़े तीन माह बीत जाने के बाद भी कोई सुराग नहीं मिल रहा था लगभग चार दिन पूर्व क्राईम बांच के मस्तुरी के स्थानीय आरक्षक हेमन्त सिंह को उसके मुखबीरों के माध्यम से यह सूचना मिली कि ग्राम चौहा के दो लडके काले पत्थर के एक टुकडे का सैम्पल लेकर उसे मुर्ति का बताकर चार करोड़ में मूर्ति बेचने के लिए ग्राहक तलाश कर रहे है इस सूचना को एस . एस . पी पारूल • माथूर ने गंभीरता से लेते हुए क्राईम बांच प्रभारी हरविन्दर सिंह को स्वयं ग्राहक बनकर सौदा करने भेजा । क्राईम ब्रांच प्रभारी हरविन्दर सिंह एवं आर ० गोविन्द शर्मा ने खुद को कन्नौज का व्यापारी बताकर तीन दिन पहले युवराज टण्डन से मुलाकात कर सौदे बाजी की चर्चा करते हुए पहले मूर्ति दिखाने की मांग की । दिनांक 03.12.22 की रात्रि में ग्राम चौहा में पांच लाख के चूरन नोट एण्डवांस मनी के रूप में दिखाते हुए क्राईम ब्रांच प्रभारी ने पुनः युवराज टण्डन से पहले मूर्ति दिखाने की बात दोहराई तब युवराज ने अपने दोस्त मोहताब सुमन को फोन कर मोटर सायकिल में मूर्ति मंगवाई जैसे ही मोहताब सफेद रंग के झोले में मोटर सायकिल में बैठकर मूर्ति लेकर आया और झोला खोलकर मुर्ति दिखाई तब क्राईम ब्रांच की आस पास छुपी हुई टीम एवं थाना मस्तुरी के सउनि हेमन्त पाटले के टीम ने घेराबंदी कर युवराज और मोहताब को अपने कब्बे मे लेकर कडाई से पुछताछ करना प्रारम्भ किया तो उक्त दोनों ने अपने तीन अन्य दोस्तों के साथ पैसे के लालच में उक्त घटना घटित करना स्वीकार किया । चार आरोपियो को मूर्ति लूट के अपराध में गिरफ्तार किया गया है , अतूल भार्गव गांव एवं घर से फरार मिला जिसकी तलाश जारी है । आरोपी युवराज एवं अतुल भार्गव थाना मस्तुरी में पहले भी अन्य मामलो में चालान हो चुके है । एस.एस.पी. बिलासपुर श्रीमती पारूल माथूर निर्देश पर संवेदनशील मामले का पर्दाफास करने में अति ० पुलिस अधीक्षक द्वय राजेन्द जायसवाल , राहूल देव शर्मा एवं अनुविभागीय अधिकारी पुलिस मस्तुरी श्रीमती गरीमा द्विवेदी एवं मस्तुरी थाना प्रभारी श्रीममी नुपूर उपाध्याय ( परि ० उपुअ . ) एवं उनकी समस्त टीम साथ ही ए.सी.सी.यू. प्रभारी हरविन्दर सिंह व उनकी समस्त टीम की उल्लेखनीय भूमिका रही है । इस मामले में आरोपियों का पता देने वालों के लिए ईनाम की घोषणा भी पूर्व में की जा चुकी है ।

