बिलासपुर- 15 विधायक वाली बीजेपी के सीनियर नेताओ की टिकट इस बार कटेगी ही ।ये तय हो गया है छत्तीसगढ़ बीजेपी की स्थिति अभी भी अच्छी नही है दबंग नेता के हाथों बीजेपी की कमान नही होने से प्रदेशभर में बीजेपी के कार्यकर्ता मायूस है यही वजह की बीजेपी के धरना प्रदर्शन में कार्यकर्ताओं की संख्या नही दिख रही है किराये के लोगो को लाकर किसी तरह संख्या बल दिखाई जा रही हैं ये बात छोटे कार्यकर्ता ही बता रहे है।मठाधीश नेताओं ने बीजेपी संगठन में अपने हिसाब से नियुक्त कर ली है।अपना अपना जिला बाट लिया अपने खास लोगो को रेवड़ी बांट दी है ताकि जब टिकट की बारी आई तो उनके जी हुजूरी करने वाले उन्ही का नाम ले। और सूची प्रदेश प्रभारी डी पुरंदेश्वरी को भेज दिया ,अब वो बेचारी सज्जन और पार्टी के प्रति समर्पित महिला प्रदेश सीनियर नेताओ के गणित को कंहा समझ सकेंगी । और कार्यकर्ताओं की आवाज उनके तक पहुंचना नही ऐसे एक बार फिर अगले विधानसभा चुनाव बीजेपी की लुटिया डूबेगी , और ठीकरा फूटेगा डी पुरंदेश्वरी पर । इसलिए प्रदेश में बीजेपी को वापस आना है तो दो काम करने होंगे पहला दबंग नेतृत्व ,दूसरा नए कार्यकर्ता को टिकट तभी पार्टी पार्टी का भला हो सकता है

