
बिलासपुर ,सोमवार 17 मार्च से आधार शिला विद्या मंदिर न्यू सैनिक स्कूल में चार दिवसीय समर कैंप का आयोजन हुआ है। कैम्प का शुभारम्भ अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण व दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ । उसके पश्चात अतिथियों का स्वागत लघु पौध के साथ किया गया ।इस अवसर पर विद्यालय के डायरेक्टर एस के जनास्वामी ने विद्यार्थियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि इस समर कैम्प के माध्यम से विद्यार्थी नए और रचनात्मक दृष्टिकोण के साथ सीख पाएँगे । इससे विद्यार्थी न केवल आनंद लेंगे बल्कि कुछ नया सीख पाएँगे । मुख्य अतिथि डॉ. दीप्ति मिश्रा लाडेकर ने विद्यार्थियों को कुछ नया सीखने के लिए प्रेरित किया। उन्हें सदैव नवीनता को एक चुनौती के रूप मे अपनाने के लिए तत्पर रहने की सलाह दी।उन्होंने कहा कि चुनौतियाँ हमारे भीतर बसे डर को दूर कर आत्मविश्वास को बढ़ाने मे सहयोग करती है जो हमारे व्यक्तित्व को निखारता है।
अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय की योग शिक्षिका मोनिका पाठक ने बच्चों को योग के विविध आसनों के बारे में बताया और योग अभ्यास कराया ।उन्होंने एकाग्रता व मानसिक स्वास्थ्य के लिए हमारे जीवन में योग के महत्व पर चर्चा करते हुए मानसिक एकाग्रता से संबंधित क्रियाएँ भी करवाई ।
अपनी रुचि के अनुसार विद्यार्थियों ने खेल , नृत्य , आर्ट एंड क्राफ्ट , थिएटर , एटीएल आदि मॉड्यूल में प्रतिभाग किया और आनंद के साथ विशेषज्ञों द्वारा दी जाने वाली सीख को आत्मसात किया ।
इस अवसर पर रंगमंच विशेषज्ञ अरुण भांगे ने विद्यार्थियों को रंगमंच की दुनियाँ से रूबरू कराया और उन्हें अभिनय की बारीकियाँ सिखायी । इसके साथ – साथ विद्यार्थियों ने नृत्य , खेल, आर्ट एंड क्राफ्ट तथा एटीएल आदि में कुछ नया सीखते हुए अपनी प्रतिभा का प्रर्दशन किया ।
कैम्प के पहले दिन विद्यार्थी बड़े जोश और उत्साह के साथ सम्मिलित हुए । स्कूल के विद्यार्थियों के अलावा अन्य स्कूलों के विद्यार्थियों ने भी कैम्प की गतिविधियों का भरपूर लुत्फ़ उठाया ।
समर कैम्प में विद्यार्थियों के साथ साथ शिक्षकों के लिए भी प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया है जिसका उद्देश्य शिक्षण पद्धतियों को बेहतर बनाना और छात्रों के अधिगम को बेहतर बनाना है । कैम्प के पहले दिन प्रशिक्षक के रूप में गुरु घासीदास विश्वविद्यालय के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ .बुद्ध सिंह उपस्थित रहे । उन्होंने शिक्षकों से शिक्षण संबंधित विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की तथा नई तकनीक और रणनीतियों के कार्यान्वयन पर चर्चा करते हुए अपने सुझाव दिए । कक्षा -कक्ष में आने वाली कठिनाईयों पर भी उन्होंने विचार शिक्षकों के साथ विचार – विमर्श किया ।
विद्यालय के चेयरमैन डॉ. अजय श्रीवास्तव ने अपने वक्तव्य में कहा कि समर कैम्प विद्यार्थियों की प्रतिभाओं को निखारने का सुअवसर है और उन्हें इस सुअवसर का लाभ अवश्य उठाना चाहिए ।विद्यालय की प्रधानाचार्या जी.आर . मधुलिका ने कहा कि समर कैंप न केवल मौज-मस्ती करने की जगह है, बल्कि नई चीजें सीखने के लिए भी एक बेहतरीन जगह है । साथ ही, यह बच्चों को आपकी कल्पना से कहीं ज़्यादा सकारात्मक तरीके से प्रभावित करता है। इसके अलावा, यह बच्चों में कई कौशल और प्रतिभाओं को विकसित करने में मदद करता है और वे सैद्धांतिक ज्ञान के बजाय व्यावहारिक ज्ञान से सीखते हैं। इस संपूर्ण कार्यक्रम की रूपरेखा विद्यालय की प्राचार्या जी.आर.मधुलिका व डायरेक्टर एस.के.जनास्वामी के मार्गदर्शन पर निवेदिता मजुमदार और प्रकृति सिंह ने सभी शिक्षकों के साथ मिलकर तैयार किया।
