
बिलासपुर,जिला पंचायत अध्यक्ष बनाने के लिए किसी ने 15लाख लिए किसी ने 10लाख लिए किसी ने पांच लाख लिए, अपनी ही पार्टी का जिप अध्यक्ष बनाने के लिए ऐसर भी होता पता नहीं था, ईमानदार नेता भी इस तरह से माल के फिराक में रहते है , विधानसभा में भी ऐसा हुआ , अब जिप अध्यक्ष बनाने में वसूली , एक ने अध्यक्ष बनाने के लिए पांच लिया नहीं बन पाया तो केवल ढाई लौटाया है , बाकी ने वापस नहीं किए , 15लाख लेने वाले ने वापस नहीं किया,, दस लाख और अलग से पांच लेने वाले ने भी वापस नहीं किया, सब मिल जिप अध्यक्ष बनाने के लिए प्रत्याशी से पैसा वसूले , सवा पांच लाख एक एक सदस्य ने वसूले एक ने नहीं लिया उसका पैसा सब बाट लिए , कुछ सदस्य सौदे बाजी करते थे पांच में बात हुआ था तीन में नहीं चलेगा , जबकि 15,15 लाख लेने वाले माल लेकर फरार हो गए है, अध्यक्ष बीजेपी का बनने से सबको पैसा वापस करना था लेकिन केवल एक ने पांच में से ढाई लाख वापस किया बाकी,ने वापस नहीं किया, एक महिला, वो भी अपने पार्टी की उससे वसूली बेहद शर्मनाक है,, जो जिप अध्यक्ष के लिए आपस में माल दबाए है वो एक है और एक दूसरे को नोटिस दे रहे ताकि पोल खोलने पर निष्कासन कर देंगे , हद है ऐसे तथाकथित ईमानदार नेताओं की और कुछ लोग तो ऐसे नेता की तारीफ कर रहे इसका एक ही कारण हो है या ये मिले हुए है,या इनको निष्कासन का डर है, या पैसा जो जिप अध्यक्ष केनाम से वसूला गया है उसमें पार्टनरशिप है, खैर हमको क्या लेना देना लोग दबी जुबान से बोल रहे है, कुछ पाए नहीं इसलिए सबकी पोल खोल रहे है लेकिन जिप अध्यक्ष के लिए वसूली शर्मसार करने वाली बात लोग कह रहे है कम से कम महिला को तो छोड़ देना था।
