
बिलासपुर, मतदाता सूची।में नाम गया हो गया , दस साल पहले स्वर्ग सिधार गए उनका नाम था जिंदा मतदात अपना नाम खोज रहे थे, मितानिन पुराने ढर्रे पर नाम खोज रही थी, कोई डिजिटली व्यवस्था नहीं थी,धूप से मतदाता परेशान रहे ,शेड नहीं था , कुर्सी टेबल देखे कमरे देखे हो गई हों गई तैयारी , पीने के पानी की व्यवस्था भी नहीं थी, मितानिनों ने बताया कि एक दिन पहले वोटर लिस्ट मिली है कहां से बांटेंगे, कई लोगों के नाम नहीं है लोग परेशान हो रहे लेकिन हम लोग क्या कर सकते है, गेट में मतदाता को रिझाने दोनों पार्टी के कार्यकर्ता और प्रत्याशी मतदान केंद्र के बाहर नज़र आए , मतदाता को ऑटो में पार्टी कार्यकर्ता बलाते रहे , कई जगह दो बटन दबाने से मतदाता हड़बाए, अधिकारी को बताना पड़ा एक बटन और दबाना है तब मतदान पूरा होगा, कई कार्यकर्ता पूजा विधानी को ढूंढ रहे थे एल पद्मजा लिखा था
