बिलासपुर- नगर निगम के राजस्व अधिकारियों की निष्क्रियता के कारण राजस्व की वसूली पूरी नही हो रही जिसके करण नगर निगम वेतन सहित अन्य छोटे छोटे खर्चो के लिए जुझना पड़ रहा ।महापौर ने नगर निगम राजस्व अधिकारियों कर्मचारियों के सभी जोन कमिश्नर की की बैठक लेकर जमकर खिंचाई की है महापौर ने साफ तौर पर राजस्व कर्मचारी अधिकारी को चेतावनी दे दी है कि अगर काम नही करेंगे तो वेतन भी नही मिलेगा ,निजी कंपनी और राजस्व अधिकारियों ने केवल फिफ्टी परसेंट की राजस्व की वसूली की है जिस बैठक में महापौर भड़क उठे कहा कि जब आप लोग काम नही करेंगे तो वेतन किस बात नताजगी जाहिर करते है महापौर ने सभी राजस्व अमले को टारगेट पूरा करने के लिए सात दिन का समय दिया है अगर सात दिन में राजस्व वसूली का टारगेट पुरा नही होता है तो वेतन भी नही ,एक आर आई दुबे को महापौर ने पांच महीने से गायब रहने के कारण सस्पेंड करने का निर्देश दिया है, नगर निगम में साठ करोड़ के महीने के राजस्व वसूली का टारगेट है लेकिन निगम के राजस्व कर्मी फील्ड में जाते नही है जिसकी वजह से निगम को नुकसान के साथ सफाई कर्मी सहित निगम के वेतन देने के लिए जूझना पड़ता है , महापौर ने बैठक में कहा कि अगर हमारे मुखिया मुख्यमंत्री बघेल मदद नही करे तो निगम के पास वेतन के लाले पड़ जाएं। महापौर ने बड़े बकायादारों की अलग से सूची बनाने के निर्देश दिए है साथ ही निगम के नए इलाके में संपति कर का नोटिस जारी करने कहा है, इसके अलावा नए जुड़े क्षेत्र के लोगो को राहत देते हुए यूजर चर्चा न लेने के निर्देश दिए क्योंकि इन इलाकों में अभी नगर निगम घर घर कचरा कलेक्शन का काम नही करता है इसलिए आंये क्षेत्रों के लोगो राहत दी है। राजस्व अमले की हालत ये है कि 66 हजार घरों में से केवल अब तक 28 हजार लोगों को नोटिस दे पाए है ,ज्यादातर राजस्व अमल फील्ड में जाता ही नही जिसके चलते राजस्व वसूली नही हो पा रही है ,महापौर ने बैठक में खरी खरी सुना दी कि जो कर्मचारी अधिकारी काम नही करना चाहते वो घर बैठ जाये मुफ्त में किसी को सरकार वेतन नही देगी।
