बिलासपुर,लाल आतंक के पर्याय बस्तर में अगर कोई गृहमंत्री मॉर्निंग वॉक करे तो मेसेज सब के लिए हेयर मजबूत सरकार का काम दिख रहा है , नक्सल आतंक के नाम पर सालों बस्तर को चूसते रहे , लाल आतंक ही खत्म लाल आतंक के नाम पर पूर्व सरकारों का भ्रष्टाचार भी खत्म हुआ है, डेड लाइन आए यार न आए लेकिन अमित शाह ने जो लाल आतंक पर लगाम लगाया हाय पूरे देश भर उनके नेटवर्क और लाल आतंक दादाओं को किनारे लगाया है वो किसी इतिहास के लिखने से कम नहीं है , बड़े बड़े लाल सलाम सरेंडर है , पनाह ढूंढ रही है , मजबूत नाकेबंदी ने लाल आतंक को ठिकाने लगा दिया असंभव लगने वाले इस काम को अमित शाह ने संभव कर दिखाया, वही अधिकारी कर्मचारी वही जगह वही संसाधन से लाल को लाल कर दिया , बड़े बड़े नक्सली नेता पनाह ढूंढ रहे है सरेंडर कर रहे है राज्य के गृह मंत्री विजय शर्मा ने मॉर्निंग वॉक करके मैसेज दे दिया आम लोगों को भी , आदिवासियों को,और लाल आतंक के हुक्मरानों को भी संदेश दिया है कि शांति के साथ विकास और विकास में आदिवासियों को जोड़ने के नजरिए को साफ किया है , जिस जगह कोई दिन में नहीं घूम सकता था उस जगह मॉर्निंग वॉक करके गृह मंत्री ने मॉर्निंग वॉक बस्तर की शांति स्थापन बताई है। पिछलीराज्य सरकार के सबसे बड़ी घटना 76जवानों के नर संहार की हुई थी, लाल आतंक के समाप्ति से बड़े भ्रष्ट्राचार पर भी लगाम लगेगी , कई नेता अधिकारी नक्सल इलाके में बरसने वाले सरकारी पैसे से लाल हुए है, लाल आतंक के समाप्ति से सरकार कर खर्च भी बचेगा अब नेताओं की सुरक्षा पर लगने वाला बल कम हो इससे जबरिया खर्च भी सरकार का बचेगा। नेताओं की सुरक्षा केनाम पर लगने वाले लंबे चौड़े सुरक्षा कर्मी अब आम आदमी की सुरक्षा में लगेंगे। एक कम से सरकार के कई बड़े काम बन गए रोजगार पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बशर्ते सरकार लाल आतंक के सरेंडर करने वालों पर नजर बनाए रखे क्योंकि विचारधारा के गैग जल्दी मारता नहीं और सबसे बड़ी बात इस विचार धारा के बहाने कमाई को जानने वालों की आदत सुधर जाएगी ये सोचना बेमानी होगी।
